सोनीपत: रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार हुआ तहसील क्लर्क, एसीबी की कार्रवाई से मचा हड़कंप

सोनीपत: रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार हुआ तहसील क्लर्क, एसीबी की कार्रवाई से मचा हड़कंप

सोनीपत ( भा. सं.) । तहसील कार्यालय में भ्रष्टाचार के खिलाफ एंटी करप्शन ब्यूरो (एसीबी) ने बड़ी कार्रवाई करते हुए तहसीलदार कार्यालय की सेल्स ब्रांच में तैनात क्लर्क सचेत को तीस हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया। कार्रवाई के बाद पूरे तहसील परिसर में हड़कंप मच गया और कर्मचारियों के बीच दिनभर इस कार्रवाई की चर्चा होती रही।

प्राप्त जानकारी के अनुसार शिकायतकर्ता विमल किशोर अपनी प्रॉपर्टी ट्रांसफर कराने के लिए पिछले करीब दो महीने से सरकारी कार्यालयों के चक्कर लगा रहे थे। प्रॉपर्टी से संबंधित दस्तावेज और एलॉटमेंट लेटर की प्रक्रिया के दौरान उनकी मुलाकात सेल्स ब्रांच में तैनात क्लर्क से हुई। आरोप है कि क्लर्क ने फाइल आगे बढ़ाने और कार्य पूरा करने के बदले पचास हजार रुपये की रिश्वत की मांग की थी। बाद में बातचीत के दौरान राशि तीस हजार रुपये पर तय हो गई।

रिश्वत की मांग से परेशान शिकायतकर्ता ने मामले की सूचना एंटी करप्शन ब्यूरो को दी। शिकायत मिलने के बाद एसीबी ने पूरे मामले का सत्यापन किया और योजनाबद्ध तरीके से ट्रैप कार्रवाई को अंजाम दिया। तय रणनीति के तहत शिकायतकर्ता को रिश्वत की राशि के साथ भेजा गया जबकि एसीबी की टीम पहले से आसपास निगरानी में तैनात रही।

जैसे ही आरोपी क्लर्क ने शिकायतकर्ता से तीस हजार रुपये अपने कब्जे में लिए, एसीबी टीम ने तुरंत कार्रवाई करते हुए उसे मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया। कार्रवाई के दौरान कार्यालय परिसर में अफरातफरी का माहौल बन गया।

एसीबी अधिकारियों ने आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है और मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है। शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि सरकारी दफ्तरों में भ्रष्टाचार के कारण आम लोगों को लंबे समय तक परेशानियों का सामना करना पड़ता है। वहीं एसीबी अधिकारियों का कहना है कि भ्रष्टाचार के मामलों में विभाग की कार्रवाई आगे भी इसी तरह जारी रहेगी।