वैभव के डेब्यू की सराहना, लेकिन संजू सैमसन का योगदान न भूलें : अंबाती रायुडू
हैदराबाद (भा. सं.)। भारत के पूर्व क्रिकेटर अंबाती रायुडू ने इंग्लैंड के खिलाफ दूसरे टी20 मुकाबले में विकेटकीपर-बल्लेबाज संजू सैमसन को अंतिम एकादश में जगह नहीं मिलने पर टीम प्रबंधन के फैसले पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी का कम उम्र में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में पदार्पण भारतीय क्रिकेट के लिए गर्व की बात है, लेकिन इस उत्साह में संजू सैमसन के योगदान को नजरअंदाज नहीं किया जाना चाहिए।
रायुडू ने सोशल मीडिया पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए लिखा कि वैभव का डेब्यू निश्चित रूप से जश्न मनाने योग्य पल है, लेकिन यह भी याद रखना चाहिए कि कुछ समय पहले ही संजू सैमसन ने टी20 विश्व कप में शानदार प्रदर्शन करते हुए 'प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट' का सम्मान हासिल किया था।
उन्होंने कहा कि सैमसन भारत की टी20 विश्व कप जीत के प्रमुख नायकों में शामिल रहे। पूरे टूर्नामेंट में उन्होंने लगातार रन बनाए और अपनी आक्रामक बल्लेबाजी से कई अहम मुकाबलों में टीम को जीत दिलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। ऐसे खिलाड़ी को केवल एक-दो खराब पारियों के आधार पर टीम से बाहर करना उचित नहीं माना जा सकता।
रायुडू ने साथ ही युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी की प्रतिभा की भी खुलकर सराहना की। उन्होंने कहा कि भारतीय टीम प्रबंधन वैभव को भविष्य के लिए एक महत्वपूर्ण खिलाड़ी के रूप में तैयार कर रहा है और उनमें भारतीय बल्लेबाजी की नई पहचान बनने की क्षमता है।
अपने संदेश के अंत में रायुडू ने दोनों खिलाड़ियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना की। उन्होंने विश्वास जताया कि संजू सैमसन जल्द ही दमदार वापसी करेंगे और अपनी प्रतिभा को फिर साबित करेंगे, जबकि वैभव सूर्यवंशी आने वाले वर्षों में भारतीय क्रिकेट में कई नए कीर्तिमान स्थापित करेंगे।
Bhartiya Samvad